शहरू गांव में भव्य सार्वजनिक बम पूजा का आयोजन, स्थानीय मुखिया विधायक सांसद शांभवी चौधरी सहित कई जनप्रतिनिधियों ने किया आगमन
शिवाजीनगर (समस्तीपुर): शिवाजीनगर प्रखंड की दहियार रन्ना पंचायत अंतर्गत शहरू गांव में बुधवार को ‘सार्वजनिक बम पूजा’ का आयोजन अपनी पूरी भव्यता और भक्ति के साथ संपन्न हुआ। इस अवसर पर समस्तीपुर की सांसद शांभवी चौधरी, वारिसनगर विधायक मांजरिक मृणाल और पूर्व विधायक अशोक कुमार मुन्ना ने विशेष रूप से शिरकत की।
जनप्रतिनिधियों ने की सुख-समृद्धि की कामना

अतिथियों ने पूजा मंडप में स्थापित भगवान शंकर, माता पार्वती, श्री गणेश और सवा लाख मिट्टी के विशेष पार्थिव शिवलिंगों का दर्शन-पूजन किया। इस दौरान जनप्रतिनिधियों ने क्षेत्र की शांति, सुख-समृद्धि और सामाजिक भाईचारे की कामना की। आयोजन समिति द्वारा मिथिला की परंपरा के अनुसार सभी अतिथियों को पाग, अंगवस्त्र और शाल भेंट कर सम्मानित किया गया।
“सनातन धर्म और सामाजिक एकता का प्रतीक है यह पूजा” – शांभवी चौधरी

जनसभा को संबोधित करते हुए सांसद शांभवी चौधरी ने कहा कि सार्वजनिक बम पूजा केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि सनातन धर्म और सामाजिक एकता की मजबूती का प्रतीक है। उन्होंने इतनी बड़ी संख्या में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़ को देखकर कहा कि यह इस बात का प्रमाण है कि आज भी लोग अपनी सांस्कृतिक जड़ों और संस्कारों से मजबूती से जुड़े हुए हैं।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम: ड्रोन और CCTV से निगरानी
मेले और पूजा स्थल पर सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम देखने को मिले।
- तकनीकी निगरानी: पूरे परिसर की निगरानी ड्रोन कैमरों और CCTV के जरिए की जा रही थी।
- वॉलिंटियर्स की फौज: शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए 400 स्थानीय युवकों को वॉलिंटियर के रूप में तैनात किया गया था।
- प्रशासनिक मुस्तैदी: शिवाजीनगर के BDO, अंचलाधिकारी और थानाध्यक्ष पुलिस बल के साथ 24 घंटे मुस्तैद रहे।
ईमानदारी की मिसाल: वापस मिले सोने के जेवर और मोबाइल
पूजा के दौरान मानवता और ईमानदारी की अनूठी मिसाल भी देखने को मिली। भीड़ में कई महिलाओं के सोने के मंगलसूत्र और मोबाइल गिर गए थे, जिन्हें वहां मौजूद श्रद्धालुओं और वॉलिंटियर्स ने ईमानदारी पूर्वक उद्घोषक (Announcer) के पास जमा करा दिया। उचित पहचान और आधार कार्ड देखने के बाद सामान मालिकों को वापस लौटा दिया गया।
आयोजन में इनकी रही मुख्य भूमिका
इस धार्मिक महाकुंभ को सफल बनाने में मुखिया रिंकू देवी, मुखिया पति राजेश कुमार सिंह, जदयू अध्यक्ष किशोरी प्रसाद सिंह, सांसद प्रतिनिधि अशोक कुमार सिंह, नवीन कुमार सिंह, और 52 गांवों के ‘खजांची बम’ एवं सहयोगी सदस्यों का विशेष योगदान रहा।
