शिवाजीनगर प्रखंड के मधुरापुर पंचायत के प्राथमिक विद्यालय कनखरिया में बुधवार को पांचवीं कक्षा के छात्र-छात्राओं के लिए भव्य दीक्षांत समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्वलन के साथ हुआ, जिसकी अध्यक्षता पंचायत के मुखिया भरत सिंह ने की, जबकि मंच संचालन प्रधान शिक्षक मोहम्मद अब्दुल्लाह ने किया। समारोह में पहुंचे अतिथियों का प्रधान शिक्षक एवं विद्यालय परिवार की ओर से मिथिला परंपरा के अनुसार पाग, चादर, माला, डायरी एवं कलम देकर सम्मानित किया गया।
दीप प्रज्वलन के साथ कार्यक्रम का शुभारंभ

समारोह के मुख्य अतिथि समस्तीपुर के डीपीओ प्रारंभिक शिक्षा सह सर्व शिक्षा अभियान मो. जमालउद्दीन ने अपने संबोधन में बच्चों को प्रेरित करते हुए कहा कि असफलता ही सफलता की कुंजी है। उन्होंने कहा कि जीवन में सफलता प्राप्त करने के लिए बड़े सपने देखना जरूरी है, लेकिन उससे भी अधिक आवश्यक है उन सपनों को साकार करने के लिए ईमानदारी और निरंतर प्रयास। दृढ़ इच्छाशक्ति, श्रद्धा और लगन के साथ कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। उन्होंने इस तरह के आयोजनों को बच्चों के मनोबल को बढ़ाने वाला बताते हुए कहा कि इससे उनमें बेहतर करने की प्रेरणा मिलती है। डीपीओ ने प्राथमिक विद्यालय कनखरिया की सराहना करते हुए इसे जिले के अन्य विद्यालयों के लिए प्रेरणास्रोत बताया। उन्होंने कहा कि विद्यालय का वातावरण और शिक्षकों की मेहनत देखकर यह स्पष्ट होता है कि प्रधान शिक्षक मोहम्मद अब्दुल्लाह एवं उनकी टीम विद्यालय को उत्कृष्ट बनाने के लिए पूरी निष्ठा से कार्य कर रही है। उन्होंने हर संभव सहयोग का आश्वासन भी दिया।
बीडीओ ने विद्यालय को बताया आदर्श
कार्यक्रम में उपस्थित बीडीओ आलोक कुमार सिंह ने अपने संबोधन में कहा कि ज्ञान की प्राप्ति किसी भव्य भवन से नहीं, बल्कि समर्पण और प्रयास से होती है। उन्होंने कहा कि इस विद्यालय ने सीमित संसाधनों के बावजूद वृक्ष के नीचे से अपनी यात्रा शुरू कर आज बेहतर भवन और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के माध्यम से अपनी अलग पहचान बनाई है। उन्होंने विद्यालय को राष्ट्र निर्माण का मंदिर बताते हुए कहा कि यहां की व्यवस्था अन्य विद्यालयों के लिए अनुकरणीय है और इसे अन्य जगहों पर लागू करने का प्रयास किया जाएगा।
वहीं मौलाना आजाद नेशनल उर्दू यूनिवर्सिटी, दरभंगा शाखा के प्राचार्य डॉ. फैज अहमद ने बच्चों में विकसित संस्कारों की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल ज्ञान अर्जन नहीं, बल्कि एक अच्छे इंसान का निर्माण करना है। उन्होंने बच्चों को जाति-धर्म से ऊपर उठकर राष्ट्रहित में कार्य करने और स्वयं को अपना आदर्श बनाने की प्रेरणा दी। थाना अध्यक्ष मौसम ने अपने संबोधन में कहा कि शिक्षा केवल रोजगार का माध्यम नहीं, बल्कि जीवन दृष्टि को बदलने का सशक्त साधन है। उन्होंने कहा कि इस विद्यालय के छात्र ऊर्जावान हैं और उन्हें अपनी ऊर्जा का सदुपयोग कर समाज और राष्ट्र के विकास में योगदान देना चाहिए।
बीईओ रामजन्म सिंह ने कहा कि प्राथमिक विद्यालय कनखरिया पूरे शिवाजीनगर प्रखंड के लिए एक आदर्श बन चुका है। उन्होंने कहा कि यहां आयोजित दीक्षांत समारोह यह दर्शाता है कि सीमित संसाधनों में भी गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और बेहतर आयोजन संभव है। उन्होंने अन्य विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को भी इससे प्रेरणा लेने की अपील की। पूर्व बीआरपी सह प्रधानाध्यापक बालमुकुंद सिंह ने दीक्षांत समारोह की सराहना करते हुए बच्चों को अपने जीवन का लक्ष्य तय कर उसे साकार करने के लिए परिश्रम करने की बात कही। समारोह के दौरान कुल 27 छात्र-छात्राओं को प्रारंभिक शिक्षा पूर्ण करने पर अतिथियों द्वारा अंगवस्त्र और प्रमाण पत्र प्रदान कर दीक्षांत दिया गया। इसके साथ ही डीपीओ द्वारा बच्चों को पर्यावरण संरक्षण का शपथ दिलाया गया। अवसर पर प्रमुख डॉ. गोविंद कुमार, संजीव कुमार सिंह, एचएम संजीव पोद्दार, अजय कुमार राय, संतोष कुमार, पारस नाथ महाराज, मनोज कुमार, वीणा कुमारी, अनिरुद्ध कुमार, विक्रम सैनी सहित बड़ी संख्या में अभिभावक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में प्रधान शिक्षक मोहम्मद अब्दुल्ला ने सभी अतिथियों एवं उपस्थित जनों के प्रति आभार व्यक्त किया। पूरे आयोजन के दौरान विद्यालय परिसर में उत्सव जैसा माहौल बना रहा और बच्चों में खासा उत्साह देखा गया।