समस्तीपुर जिले के शिवाजीनगर प्रखंड अंतर्गत हथौड़ी थाना क्षेत्र के बल्लीपुर पंचायत में गुरुवार सुबह एक 40 वर्षीय विवाहिता का शव घर के अंदर ओढ़नी के फंदे से लटका मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई। घटना की सूचना मिलते ही हथौड़ी थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल समस्तीपुर भेज दिया। मामले की गंभीरता को देखते हुए एफएसएल (फॉरेंसिक साइंस लैब) टीम को भी बुलाया गया, जिसने घटनास्थल का निरीक्षण कर साक्ष्य एकत्र किए।
पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और एफएसएल जांच के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।
मृतका की पहचान, चार बच्चों के सिर से उठा मां का साया
मृतका की पहचान पूजा देवी (40 वर्ष), पति काली मोहन चौधरी, निवासी बल्लीपुर पंचायत वार्ड संख्या-5 के रूप में हुई है। पूजा देवी मूल रूप से मधुबनी जिले के लौकही थाना क्षेत्र के ओरहा गांव की रहने वाली थीं।
उनकी शादी वर्ष 2008-09 में काली मोहन चौधरी से हुई थी। दंपती के चार बच्चे हैं—दो पुत्रियां भावना कुमारी और महिमा कुमारी, जबकि दो पुत्र रितिक कुमार चौधरी और रौनक कुमार चौधरी हैं। सबसे छोटा बेटा करीब तीन वर्ष का बताया गया है।
मां की असमय मौत के बाद चारों बच्चों का रो-रोकर बुरा हाल है और पूरे गांव में शोक का माहौल है।
मुंडन संस्कार की तैयारी के बीच हुई घटना
ग्रामीणों के अनुसार काली मोहन चौधरी गलगल चौक पर ठंडे पानी की छोटी दुकान चलाकर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। पूजा देवी पिछले कुछ समय से अपनी मां और भाई के साथ हरियाणा के पानीपत में रह रही थीं। करीब 9 जुलाई को उनके पति उन्हें गांव लेकर आए थे।
परिवार में छोटे बेटे के मुंडन संस्कार की तैयारी चल रही थी, लेकिन उससे पहले ही यह दर्दनाक घटना हो गई।
पति ने क्या कहा
मृतका के पति काली मोहन चौधरी ने बताया कि पत्नी ने उनसे 30 हजार रुपये की मांग की थी। आर्थिक स्थिति ठीक नहीं होने के कारण वह इतनी राशि देने में असमर्थ थे, जिससे दोनों के बीच विवाद हुआ था।
उनके अनुसार, विवाद के बाद वह अपनी दुकान पर चले गए और वहीं रात में सो गए। गुरुवार सुबह करीब आठ बजे घर से सूचना मिली कि उनकी पत्नी ने फंदा लगा लिया है।
उन्होंने यह भी बताया कि पहले भी विवाद होने पर पत्नी फांसी लगाने की बात कहती थीं, लेकिन इस बार उन्होंने ऐसा कदम उठा लिया।
पहली पत्नी की भी हो चुकी है मौत, गांव में तरह-तरह की चर्चाएं
घटना के बाद गांव में एक और तथ्य चर्चा का विषय बना हुआ है। ग्रामीणों के अनुसार काली मोहन चौधरी की पहली पत्नी की भी वर्ष 2005-06 के आसपास मृत्यु हो गई थी। पहली पत्नी की मौत के बाद उन्होंने वर्ष 2008-09 में पूजा देवी से दूसरा विवाह किया था।
अब दूसरी पत्नी की भी संदिग्ध परिस्थितियों में मौत होने से गांव में तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं। हालांकि पुलिस ने इस संबंध में कोई टिप्पणी नहीं की है और स्पष्ट किया है कि मामले की जांच सभी पहलुओं से की जा रही है।
एफएसएल टीम ने की वैज्ञानिक जांच
घटना के बाद परिजनों ने ओढ़नी का फंदा खोलकर महिला को नीचे उतारा। सूचना मिलने पर अपर थानाध्यक्ष मुखराम सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की।
पुलिस ने महिला की गर्दन पर मिले निशानों को भी जांच का हिस्सा बनाया। इसके बाद एफएसएल टीम ने घटनास्थल का सूक्ष्म निरीक्षण कर आवश्यक साक्ष्य एकत्र किए।
पुलिस ने क्या कहा
हथौड़ी थानाध्यक्ष मौसम ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर भेजी गई थी। शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल समस्तीपुर भेज दिया गया है।
उन्होंने कहा कि मामले की गंभीरता को देखते हुए एफएसएल टीम से भी जांच कराई गई है। अभी तक किसी भी पक्ष की ओर से लिखित आवेदन प्राप्त नहीं हुआ है। मृतका के मायके पक्ष को सूचना दे दी गई है।
थानाध्यक्ष ने कहा कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट, एफएसएल जांच और अनुसंधान के आधार पर ही आगे की विधिसम्मत कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल मौत के कारणों को लेकर किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी।
